डायबिटीज में क्या खाएं और किन चीजों से बचें
डायबिटीज में खाना छोड़ना नहीं, खाने का तरीका बदलना होता है। थाली का अनुपात, खाने का क्रम और मात्रा — ये तीन चीजें शुगर के उतार-चढ़ाव पर सबसे ज्यादा असर डालती हैं।
डायबिटीज का पता चलते ही सबसे पहले जो बात सुनाई देती है, वह होती है "यह मत खाओ, वह मत खाओ"। असल में इससे ज्यादा काम की बात यह है कि खाना कैसे खाया जाए।
थाली का अनुपात
- आधी थाली — बिना स्टार्च वाली सब्जियां और सलाद
- एक चौथाई — प्रोटीन (दाल, राजमा, पनीर, दही, अंडा, मछली, चिकन)
- एक चौथाई — अनाज (रोटी, चावल, बाजरा, ज्वार)
यही एक बदलाव, बिना कुछ गिने, ज्यादातर लोगों की शुगर पर असर दिखा देता है।
खाने का क्रम
एक छोटी सी आदत जो अक्सर नहीं बताई जाती: पहले सलाद और सब्जी, फिर प्रोटीन, और अंत में रोटी या चावल। एक ही खाने को इस क्रम में खाने से खाने के बाद शुगर का उछाल आमतौर पर कम रहता है।
क्या खाएं
- हरी और बिना स्टार्च वाली सब्जियां — भरपूर
- दाल, राजमा, छोले, चना
- दही और छाछ
- साबुत अनाज — बाजरा, ज्वार, रागी, दलिया
- मेवे — मुट्ठी भर
- अंडा, मछली, चिकन (अगर आप खाते हैं)
- मेथी, करेला जैसी सब्जियां — सामान्य खाने के हिस्से के रूप में
किन चीजों से बचें
- चीनी वाले पेय — कोल्ड ड्रिंक, पैकेज्ड जूस, मीठी चाय
- मिठाई और बेकरी की चीजें
- मैदे से बनी चीजें
- बहुत ज्यादा मात्रा में चावल या रोटी, अकेले
- रोज तला हुआ खाना
- फलों का रस — फल साबुत खाएं
फल खा सकते हैं?
हां, पर साबुत और सीमित मात्रा में। सेब, अमरूद, पपीता, जामुन और नाशपाती जैसे फल आम तौर पर बेहतर माने जाते हैं। एक बार में एक फल, और उसे अकेले खाने के बजाय मेवे या दही के साथ लेना ज्यादा ठीक रहता है।
अपनी रोजाना कैलोरी देखें→रोटी और चावल कितना?
कोई एक संख्या सबके लिए सही नहीं होती — यह आपकी दवा, गतिविधि, वजन और शुगर के स्तर पर निर्भर करता है। यही वह जगह है जहां डाइटिशियन की एक बार की सलाह सालों काम आती है।
अक्सर पूछे जाने वाले सवाल
क्या चावल पूरी तरह बंद कर देना चाहिए?+
नहीं। मात्रा सीमित रखें और उसे दाल, सब्जी और दही के साथ खाएं, अकेले नहीं।
क्या गुड़ चीनी से बेहतर है?+
शुगर पर असर के लिहाज से दोनों में खास फर्क नहीं है। गुड़ को "सुरक्षित" मानकर ज्यादा लेना ठीक नहीं।
क्या डायबिटीज में उपवास कर सकते हैं?+
दवा लेने वालों के लिए उपवास में शुगर बहुत गिरने का खतरा रहता है। पहले डॉक्टर से बात करें — अक्सर दवा का समय बदलना पड़ता है।
करेला या मेथी से शुगर ठीक हो जाती है?+
ये सामान्य खाने का अच्छा हिस्सा हैं, पर दवा का विकल्प नहीं। इनके भरोसे दवा बंद करना खतरनाक है।